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नाबालिग लड़की का अपहरण कर ले गया लद्दाख, पिछले आठ माह से कर रहा था दुष्कर्म, फिर पुलिस को मिला सुराग

नेशनल डेस्क। यूथ मुकाम न्यूज नेटवर्क
छत्तीसगढ़ के बालोद जिले के एक गांव से पिछले साल 1 अक्टूबर को अचानक एक नाबालिग लापता हो गई। लड़की के यूं अचानक गायब होते ही परिजनों के बीच हड़कंप मच गया था। काफी ढूंढने के बाद जब उसका कुछ भी पता नहीं चल सका तब पिता ने स्थानीय थाने को सूचना दी और उस वक्त अज्ञात के खिलाफ अपहरण का केस दर्ज कराया था।

पुलिस उसी वक्त से लड़की की तलाश में जुट गई थी। लेकिन लड़की को किडनैप करने वाला भी कम शातिर नहीं था। बताया जाता है किडनैपर लड़की को गांव से हजारों किलोमीटर दूर लद्दाख ले गया। जानकारी के मुताबिक, लड़की के अपहरण के बाद उसने उसका मोबाइल स्विच ऑफ कर दिया था ताकि किसी को उसके बारे में पता ना चल सके।

कहते हैं कि अपराधी चाहे कितना भी शातिर क्यों ना हो..कानून की नजर से वो ज्यादा दिनों तक नहीं छिप सकता। इस केस में पुलिस के सामने चुनौती यह थी कि लड़की का मोबाइल बंद था लिहाजा उसका कोई भी लोकेशन पुलिस के पास मौजूद नहीं था।

लड़की को तलाशने के लिए पुलिस की विशेष टीम बनाई गई जो साइबर सेल की मदद से लड़की को खोजने में जुटी थी। इसी दौरान पुलिस को आसपास के ही रहने वाले तिलकराम नाम के एक शख्स पर शक हुआ। लिहाजा पुलिस ने उसका मोबाइल लोकेशन खंगालना शुरू किया। पुलिस को तिलकराम का लोकेशन गांव से 2000 किलोमीटर से भी ज्यादा दूर लद्दाख में मिला।

पुलिस ने तिलकराम को लद्दाख से धर दबोचा और वहीं से नाबालिग लड़की भी पुलिस को मिल गई। खुलासा हुआ कि इन 8 महीनों के दौरान तिलकराम ने लड़की को लद्दाख में एक कमरे में बंद कर रखा था। उसने कई बार लड़की के साथ दुष्कर्म भी किया था।

पुलिस ने आरोपी के खिलाफ किडनैपिंग, दुष्कर्म सहित अन्य कई धाराओं में केस दर्ज किया है। लड़की का मेडिकल परीक्षण भी कराया गया है। लड़की को उसके परिजनों को सौंप दिया गया है। वहीं आरोपी तिलकराम अब जेल की हवा खा रहा है।

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