Home करेंट अफेयर्स तरक्की को रफ्तारः देश की पहली चालक रहित मेट्रो का दिल्ली में...

तरक्की को रफ्तारः देश की पहली चालक रहित मेट्रो का दिल्ली में शुभारंभ, पीएम मोदी ने दिखाई हरी झंडी

नेशनल डेस्क। यूथ मुकाम न्यूज नेटवर्क
देश की पहली चालक रहित मेट्रो का शुभारंभ सोमवार को हो गया। पीएम मोदी ने हरी झंडी दिखाकर देश की पहली चालक रहित (ड्राइवर लेस) मेट्रो का शुभारंभ कर दिया है। यह ट्रेन दिल्ली मेट्रो की मजेंटा लाइन पर जनकपुरी वेस्ट-बॉटेनिकल गार्डन कॉरिडोर पर 37 किलोमीटर के दायरे में आज से दौड़ेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सोमवार को इसे हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसके साथ ही उन्होंने एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन पर नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड (एनसीएमसी) सेवा का भी शुभारंभ किया।

पीएम मोदी ने अपने संबोधन की शुरुआत करते हुए याद किया कि उन्हें तीन साल पहले मजेंटा लाइन का उद्घाटन करने का मौका मिला और आज चालक रहित मेट्रो का उद्घाटन ये दिखाता है कि देश कितनी तेजी से आगे बढ़ रहा है। आज का ये आयोजन अर्बन डेवलपमेंट को फ्यूचर रेडी कर रहा है। भविष्य की जरूरतों के लिए खुद को और देश को तैयार करना हमारी प्राथमिकता है। पहले भविष्य की जरूरतों को लेकर काम नहीं होता था। अधूरे मन से काम होता था। हमारे शहरों को भविष्य की चुनौतियों से लड़ने के लिए तैयार नहीं किया गया। इससे हमारे कई इलाके बड़े पीछे रह गए। शहरीकरण को चुनौती न मानकर एक अवसर के रूप में इसे मानें।
2025 तक हम इसे 25 से ज्यादा शहरों में इसे विस्तार देने वाले हैं। चालक रहित मेट्रो को हरी झंडी दिखाने से पहले इस कार्यक्रम में एक डॉक्यूमेंट्री दिखाई गई।

डीएमआरसी के मुताबिक चालक रहित मेट्रो के संचालन के साथ ही दिल्ली मेट्रो का नाम दुनिया की अग्रणी मेट्रो सेवा में शामिल हो चुका है। जून, 2021 तक पिंक लाइन (मजलिस पार्क-शिव विहार) पर 57 किलोमीटर के दायरे में भी चालक रहित मेट्रो की शुरुआत की संभावना है। इस हिसाब से यात्रियों को 94 किलोमीटर के दायरे में चालक रहित मेट्रो में सफर का मौका मिलेगा। यह पूरी दुनिया में चालक रहित मेट्रो नेटवर्क का करीब 7 फीसदी होगा। यह सेवा पूर्ण तौर पर स्वचालित होगी। इससे न केवल मानवीय हस्तक्षेप न्यूनतम होगा बल्कि त्रुटियों की आशंका भी नगण्य होगी। नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड (एनसीएमसी) की उपलब्धता भी मेट्रो के लिए एक बड़ी उपलब्धि होगी। इस सेवा की शुरुआत से देेश के किसी भी कोने से प्राप्त कार्ड से एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन पर यात्रा की जा सकेगी। यात्रियों को वर्ष 2022 तक मेट्रो की सभी लाइनों पर कॉमन मोबिलिटी कार्ड से सफर का मौका मिल सकेगा।

पश्चिमी और दक्षिणी दिल्ली के लाखों यात्रियों को मिलेगी राहत
मेजेंटा लाइन पर जनकपुरी से नोएडा के बॅाटेनिकल गार्डन तक ड्राइवरलेस मेेट्रो सेवाएं शुरू होने से काफी राहत मिलेगी। लाखों यात्री इस कॉरिडोर पर सफर करते हैं, जिनमें अधिकतर आईटी कंपनियों सहित नोएडा की अग्रणी कंपनियों में कार्यरत हैं। बगैर चालक होने की वजह से समय की खास तौर पर पाबंदी रहेगी। कभी देरी होती है तो आगे रफ्तार में बदलाव भी किया जा सकता है ताकि यात्रियों को देर न हो। भीड़ होने पर मिलेगी पल-पल की जानकारी
दिल्ली मेट्रो में इंतजार का वक्त किसी स्टेशन पर 20 मिनट से अधिक होता है तो सोशल साइट्स के जरिए जानकारी दी जाती है। इस लाइन पर किसी स्टेशन पर देरी होती है तो स्वचालित सेवा होने की वजह से यात्रियों को साथ ही साथ जानकारी मिलती रहेगी।

धीरे धीरे वापस लिए जाएंगे ड्राइवर
मेट्रो के संचालन में ड्राइवरों की प्रतिनियुक्ति की जाएगी, लेकिन बाद में उन्हें धीरे-धीरे वापस ले लिए जाएगा। तीन साल पहले ट्रायल के दौरान हुए हादसे के बाद डीएमआरसी भी फूंक-फूंक आगे कदम बढ़ा रही है ताकि यात्रियों की सुरक्षा रहे।

 

Previous articleकोरोना संक्रमित उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत दिल्ली एम्स रेफर, 18 को हुए थे पोजिटिव
Next articleदेश में फिर बढ़ी कोरोना की रफ्तार, 20 हजार से अधिक आए नए मामले, अब तक 97 लाख हुए रिकवर